त्रिवेणी - जख्म और पेड़ लिंक पाएं Facebook X Pinterest ईमेल दूसरे ऐप दिसंबर 25, 2013 जख्म और पेड़ हरे ही अच्छे | सूख जाने पे मर जाते हैं दोनों || सींचते रहिये इन्हें आंसू और पानी से | --केशव-- लिंक पाएं Facebook X Pinterest ईमेल दूसरे ऐप टिप्पणियाँ डॉ. दिलबागसिंह विर्क ने कहा… आपकी इस प्रस्तुति का लिंक 26-12-2013 को चर्चा मंच की चर्चा - 1473 ( वाह रे हिन्दुस्तानियों ) पर दिया गया है कृपया पधारें आभार मनोज कुमार ने कहा… यें चींचन बहुत ज़रूरी है। अभिषेक शुक्ल ने कहा… bahut khoob..
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आभार